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शुक्रवार, 2 फ़रवरी 2024

ताहिर हुसैन

#19sep
#02फेब2

मोहम्मद ताहिर हुसैन खान,
🎂: 19 सितंबर 1938, शाहाबाद
⚰️: 02 फ़रवरी 2010, मुम्बई

पत्नी: ज़ीनत हुसैन 
भाई: नासिर हुसैन
बच्चे: फैसल ख़ान, आमिर खान, फरहत खान, निखत खान
माता-पिता: जाफ़र हुसैन खान

 जिन्हें ताहिर हुसैन के नाम से जाना जाता है, एक भारतीय फिल्म निर्माता, पटकथा लेखक, अभिनेता और फिल्म निर्देशक थे जो हिंदी सिनेमा में अपने काम के लिए जाने जाते थे।ताहिर हुसैन अभिनेता आमिर खान और फैसल खान के पिता थे । हिट फिल्म निर्माता, निर्देशक और लेखक नासिर हुसैन ताहिर हुसैन के बड़े भाई और गुरु थे। ताहिर के बेटे, आमिर खान ने कयामत से कयामत तक में अभिनय किया , यह फिल्म उनके चाचा नासिर हुसैन द्वारा निर्मित और उनके चचेरे भाई मंसूर खान द्वारा निर्देशित थी ।

ताहिर हुसैन ने अपने बेटे आमिर को पहली बार (और एकमात्र) 1990 में तुम मेरे हो निर्देशित फिल्म में निर्देशित किया था।

ताहिर हुसैन भारत के पहले शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आज़ाद के रिश्तेदार थे ।  

⚰️02 फरवरी 2010 को गंभीर दिल का दौरा पड़ने से मुंबई में उनका निधन हो गया। 
📽️
कारवां (1971)
Anamika (1973)
Madhosh (1974)
ज़ख्मी (1975)
Phir Janam Lenge Hum/Janam Janam Na Saathi (1977)
Khoon Ki Pukaar (1978)
लॉकेट (1986)
Tum Mere Ho (1990)
Hum Hain Rahi Pyar Ke (1993)
मदहोश (1994) (सहायक निर्माता)

अभिनेता

जब प्यार किसी से होता है (1961)
प्यार का मौसम (1969)सरदार रंजीत कुमार के रूप में
फिर जनम लेंगे हम / जनम जनम ना साथी (1977)
दूल्हा बिकता है (1982)....अदालत में जज

निदेशक

तुम मेरे हो (1990)

लेखक

तुम मेरे हो (1990)
कर्मी दल

तीसरी मंजिल (1966) (उत्पादन कार्यकारी)

मंगलवार, 19 सितंबर 2023

प्रिय तेंदुलकर

प्रसिद्ध अभिनेत्री टीवी कलाकार प्रिया तेंदुलकर की पुण्यतिथि पर हार्दिक श्रद्धांजलि
जन्म की तारीख और समय: 19 अक्तूबर 1954, भारत
मृत्यु की जगह और तारीख: 19 सितंबर 2002, मुंबई
पति करन राजदान  (विवा. 1988–2002)
भाई:  सुषमां तेंदुलकर, राजा तेंदुलकर
माता-पिता:

विजय तेंदुलकर, निर्मला तेंदुलकर

भारत की पहली टीवी स्टार प्रिया तेंडुलकर ने अनेक फिल्मों व टीवी धारावाहिकों में भूमिका निभाई पर संभवतः वे संपूर्ण जीवन अपने सबसे पहले टीवी अवतार "रजनी" के नाम से ही बेहतर पहचानी जाती रहीं। 1985 में निर्मित व बासू चटर्जी द्वारा निर्देशित इस धारावाहिक में उन्होंने भ्रष्टाचार और सामाजिक बुराइयों के खिलाफ बेखौफ आवाज़ उठाने वाली एक साधारण गृहणी का किरदार निभाया था। वह लेखिका भी थी।
प्रिया प्रसिद्ध नाटककार विजय तेंडुलकर की सुपुत्री थीं। उनका जन्म 19 अक्टुबर, 1954 को हुआ, उनकी दो बहनें और एक भाई था। प्रिया का विवाह अभिनेता व लेखक करण राजदान से 1988 में हुआ। पर यह विवाह सात साल ही चल सका और इसके बाद उनका संबंध विच्छेद हो गया। करण व प्रिया ने "रजनी" और "किस्से मियाँ बीवी के" धारावाहिकों में पती पत्नी के वास्तविक जीवन के किरदार भी निभाये। 1974 में श्याम बेनेगल की फिल्म अंकुर में निभाई भूमिका के कारण प्रिया के अभिनेता अनंत नाग से भी संबंध जोड़े जाते रहे।
प्रिया का प्रारंभ से ही अभिनय की और झुकाव था। 1939 में जब वे स्कूल में थीं, उन्होंने सत्यदेव दुबे के निर्देशन तले गिरीश कर्नाड के लिखे पौराणिक नाटक "हयवदन" में गुड़िया की भूमिका निभाई। इस नाटक में निर्देशिका कल्पना लाज़मी उनकी सह कलाकार थीं। इसके बाद पिग्मेलियन, अंजी, कमला, कन्यादान, सखाराम बाइंडर, ती फूलराणी, एक हठी मुलगी जैसे अनेकों मराठी नाटकों में उन्होंने भूमिकायें कीं। प्रिया ने टीवी पर जहाँ गुलज़ार निर्देशित स्वयंसिद्ध जैसे नारीवादी धारावाहिक में काम किया वहीं "हम पाँच" जैसे हास्य धारावाहिक में फोटो फ्रेम से बोलती मृत बीवी की भूमिका भी अदा की और "द प्रिया तेंडुलकर शो" और "ज़िम्मेदार कौन" जैसे सफल टॉक शो भी किये जिसमें वे काफी आक्रामक तेवर के लिये जानी जाती थीं। अंकुर, मोहरा और त्रिमूर्ती जैसी कुछ हिन्दी फिल्मों में भी उन्होंने काम किया पर कोई उल्लेखनीय भूमिकायें नहीं।
शायद "रजनी" के किरदार और अपने पिता का ही प्रभाव था कि प्रिया सामाजिक मुद्दों के प्रति सदा जागरूक रहीं। उनका व्यक्तित्व खुला और साहसी था। "द प्रिया तेंडुलकर शो" की बुलंदी पर शिवसेना समेत कई राजनीतिक दलों ने उन्हें अपने दल में शामिल करने का प्रयास किया पर वे मन नहीं बना पाईं।
वे स्वयं लघु कथायें लिखती रहती थीं। ज्याचा त्याचा प्रश्न, जन्मलेला प्रत्येकला, असंही व पंचतारांकित उनकी कुछ कृतियाँ हैं, जिनमें से कुछ पुरस्कृत भी हुईं।
19 सितंबर, 2002 में 47 वर्ष की अल्पायु में उनका हृदयाघात से देहांत हो गया। वे कुछ समय कैंसर से भी लड़ती रहीं।
प्रसिद्ध_फिल्में
1974 - अंकुर
1978 - देवता
1983 - माहेरची मानसे, रानीने दाव जिंकाला
1984 - गोंघळत गोंधळ
1985 - मुम्बईचा फौजदार, रजनी (टीवी धारावाहिक)
1987 - कालचक्र
1988 - किस्से मियाँ बीवी के (टीवी धारावाहिक)
1989 - एक शून्य (टीवी धारावाहिक)
1990 - घर (टीवी धारावाहिक)
1994 - मोहरा
1995 - त्रिमूर्ति
1996 - द प्रिया तेंदुलकर शो (टीवी टॉक शो)
1997 - और प्यार हो गया, ज़िम्मेदार कौन (टीवी टॉक शो), गुप्त, हम पाँच (टीवी धारावाहिक)
2000 - राजा को रानी से प्यार हो गया
2001 - प्यार इश्क और मुहब्बत

सोमवार, 18 सितंबर 2023

सूरज संतोष

#सूरज_संतोष 
एक भारतीय गायक, गीतकार, निर्माता और संगीतकार हैं। वह स्वतंत्र संगीत और पार्श्व गायन की दुनिया में कदम रखते हैं, दोनों के बीच आसानी से चलते हैं। सूरज केरल राज्य फिल्म पुरस्कार, 2 मिर्ची संगीत पुरस्कार और केरल राज्य फिल्म समीक्षक पुरस्कार के प्राप्तकर्ता हैं। उन्होंने 8 भाषाओं में करीब 300 गाने गाए हैं।
🎂 #जन्म19सितंबर1987
पत्नी: अंजली पैनिकर (विवा. 2016)
माता-पिता: संतोष कुमार
उनका कोई संगीतमय परिवार नहीं था. उनके पिता संतोष कुमार वन विभाग में काम करते थे और उनकी मां जयाकुमारी एक शिक्षिका थीं। न तो उनका और न ही उनके विस्तृत परिवार का कोई संगीत संबंध था। सूरज की मां के स्कूल में संगीत शिक्षक ही थे जिन्होंने 5 साल की उम्र में संगीत के प्रति उनके लगाव को पहचाना था। उसने उसे एक गाना सिखाया जिसे उसने खूबसूरती से गाया। उनकी सलाह पर ही सूरज के माता-पिता ने इसे गंभीरता से लिया और 6 साल की उम्र में उन्हें डॉ. केजे येसुदास द्वारा स्थापित थारंगनिसारी स्कूल ऑफ म्यूजिक में दाखिला दिला दिया।. उस संस्थान में उनके शुरुआती वर्ष कठिन थे क्योंकि उन्हें अचानक वरिष्ठ गायकों के बीच में डाल दिया गया था। एक बच्चे के रूप में उन्हें यह समझने में संघर्ष करना पड़ा कि क्या हो रहा था और उनसे क्या अपेक्षा की जा रही थी। लेकिन वह अपनी मां के निरंतर प्रोत्साहन के साथ डटे रहे, जिन्होंने यह सुनिश्चित किया कि वह नियमित रूप से कक्षाओं में उपस्थित हों। सूरज प्रोफेसर के. ओमानकुट्टी , कोल्लम जीएस बालमुरली और पार्वतीपुरम पद्मनाभ अय्यर के संरक्षण में भी रहे हैं ।

सूरज ने अपनी हाई स्कूल और हायर सेकेंडरी स्तर की शिक्षा गवर्नमेंट मॉडल बॉयज़ हायर सेकेंडरी स्कूल, तिरुवनंतपुरम से पूरी की । हाई स्कूल में उन्होंने स्कूल युवा उत्सवों और राज्य युवा उत्सवों में भाग लिया और पुरस्कार जीते।  उन्होंने महात्मा गांधी कॉलेज , त्रिवेन्द्रम से वाणिज्य में स्नातक की उपाधि प्राप्त की , और मार इवानियस कॉलेज , त्रिवेन्द्रम से वाणिज्य में स्नातकोत्तर किया । कॉलेज में रहते हुए उन्होंने राष्ट्रीय विश्वविद्यालय युवा महोत्सवों में भाग लिया और लगातार पुरस्कार जीते।

जिन कार्यक्रमों में उन्होंने भाग लिया उनमें से एक सूर्या टीवी पर एक संगीत प्रतियोगिता थी जहां प्रसिद्ध बांसुरीवादक कुदामलूर जनार्दन मुख्य न्यायाधीशों में से एक थे। प्रत्येक प्रदर्शन के बाद न्यायाधीशों ने संगीत और इसकी जटिलताओं पर कई प्रश्न पूछे। यह एक दिलचस्प प्रारूप था और सूरज ने प्रतियोगिता जीत ली। इसके बाद उन्होंने श्री कुदामलूर जनार्दन से संगीत सीखना शुरू किया । इससे उसके लिए एक नई दुनिया खुल गई। उन्हें एहसास हुआ कि संगीत में प्रतियोगिताओं में भाग लेने और जीतने के अलावा भी बहुत कुछ है। यही वह क्षण था जिसने उनके दिमाग को संगीत की दुनिया के लिए खोल दिया और वह संगीत के जादू से मंत्रमुग्ध हो गये। उसके मन में लगातार उठती शंकाओं का समाधान हो रहा था और उसे कोई ऐसा व्यक्ति मिल गया था जो स्पष्टता प्रदान कर सकता था।

सूरज ने अपने गृह नगर त्रिवेन्द्रम में गायन कार्यक्रम प्रस्तुत किये।

सुनील सिकंद

सुनील सिकंद
स्क्रीन नाम सुनील सिकंद
के रूप में जन्मे सुनील सिकंद
पेशा फ़िल्म निर्देशक
आयु
(वर्तमान)
73
🎂जन्म  19 सितंबर 1949
जन्म (शहर) बम्बई (अब मुंबई), महाराष्ट्र
जन्म (देश) भारत
राष्ट्रीयता भारतीय
पिता प्राण
(अभिनेता)
माँ शुक्ल शिखंड
पति-पत्नी

अलग हो गए ज्योति सिकंद

1982
बेटा सिद्धार्थ सिकंद
उल्लेखनीय कार्य (हिन्दी फ़िल्में)
[दूसरी इकाई के निदेशक के रूप में] अमर अकबर एंथनी (1977),
धरम वीर (1977),
परवरिश (1977),
सुहाग (1979),
फरिश्ता (1984)
उल्लेखनीय कार्य (हिन्दी फ़िल्में)
[निर्देशक के रूप में] लक्ष्मणरेखा (1991)

सुनील सिकंद अहलूवालिया एक भारतीय फिल्म निर्देशक और अनुभवी अभिनेता प्राण के बेटे हैं। उन्होंने अपनी पहली फिल्म 1984 में फरिश्ता और दूसरी फिल्म 1991 में लक्ष्मणरेखा निर्देशित की, जिसमें जैकी श्रॉफ, नसीरुद्दीन शाह, शम्मी कपूर, डैनी डेन्जोंगपा और उनके पिता प्राण ने अभिनय किया था।

कल्पना कार्तिक

कल्पना कार्तिक 
जिनका वास्तविक नाम मोना सिंहा है, उन्होंने छः हिन्दी फ़िल्मों में काम किया है। उन्होंने इसके बाद फ़िल्मों को छोड़कर देव आनन्द के साथ घर बसा लिया। चेतन आनन्द ने नवकेतन फ़िल्म्स द्वारा बनाई गई बाज़ी में सन् 1951 में पहली बार चांस दिया था। उनके दो बच्चे हैं।
🎂जन्म : 19 सितंबर 1931 
 शिमला
📽️
1बाज़ी 
2 आँधियां जानकी 
3 हमसफ़र -
4 टैक्सी ड्राइवर माला
5 हाउस नम्बर 44 
6 नौ दो ग्यारह 
पति: देव आनन्द (विवा. 1954–2011)
बच्चे: सुनील आनंद, देविना आनंद

मेघना नायडू

मेघना नायडू एक भारतीय अभिनेत्री और मॉडल हैं। 
मेघना नायडू का 🎂जन्म 19 सितंबर 1980
 को विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश में हुआ था। उनके पिता का नाम इतिराज है, जोकि एक टेनिस कोच हैं। उनकी माँ पूर्णिमा हैं- वह हाफ बंगाली हैं। वह एक अध्यपिका हैं। उनकी एक छोटी बहन है-सोना नायडू। 

पढ़ाई 
मेघना का पूरा बचपन मुंबई में ही बीता है।  उन्होंने अपनी शुरूआती पढ़ाई भावना कॉलेज अँधेरी से संपन की है।  वह कॉमर्स से स्नातक हैं।  वह शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम में पूर्ण पारंगत हैं। इस नृत्य को उन्होंने महज सात साल की उम्र से ही सीखना शुरू कर दिया था। 

करियर 
उन्होंने अपने करियर की शुरुआत मॉडलिंग से की।  उसके बाद उन्होंने तेलुगु फिल्मों से अपना अभिनय करियर शुरू किया। उनकी पहली तेलुगु फिल्म प्रेमसाक्षी है। जो बॉक्स-ऑफिस पर ठीक-ठाक रही थी। इसके बाद वह कुछ-एक कन्नड़ फिल्मों आयीं। उन्हें हिंदी सिनेमा में पहचान कलियों का चमन एल्बम से मिली।  

उन्होंने अपने हिंदी सिनेमा करियर की शुरुआत बी-ग्रेड फिल्मों से की। उनकी पहली फिल्म हवस थी। जो वर्ष 2004 में प्रदर्शित हुई थी। इस फिल्म  पृष्ठभूमि शादी के बाद के प्रेमप्रसंगों पर आधारित थी। उसके बाद वह कई बी-गर्दे फिल्मों में नजर आई। हालांकि यह फ़िल्में कब आई-कब गयी दर्शकों को भी नहीं पता।  

टीवी करियर 
मेघना नायडू ने अपने टीवी करियर की शुरुआत स्टंट बेस्ड रियलिटी शो फियर फैक्टर से की थी। हालांकि वह इस शो की विजेता नहीं बन सकी थी। इसके अलावा वह एकता कपूर के शो जोधा-अकबर में बेनजीर की भूमिका में भी नजर आ चुकीं हैं। 
नायडू की पहली प्रमुख उपस्थिति UMI10 के "कलियों का चमन" (2002) के संगीत वीडियो में थी, लता मंगेशकर के 1981 के गीत " थोड़ा रेशम लगता है " (बदले में, 2002 का गीत ") का आधिकारिक रीमिक्स था। ट्रुथ हर्ट्स द्वारा लिखित " एडिक्टिव " रीमिक्स से प्रेरित था)। भारतीय फिल्मों में काम शुरू करने से पहले उन्हें सरू मैनी के वीडियो "दिल दे दिया था (सुट्टा मिक्स)"  में भी दिखाया गया था ।
📽️
2003 हवस
2004 AK 47
2004जैकपॉट - द मनी गेम 
प्यार का क्लासिक नृत्य
2005माशूका
2005वर्षा: भीतर का आतंक
2005बुरा दोस्त
2005आठवां: शनि की शक्ति
2006 रिवाज
2012 पहली नज़र में प्यार 
2012इश्क दीवाना
2016 क्या कूल हैं हम 3

ईशा कोपियर

ईशा कोप्पिकर एक भारतीय अभिनेत्री, मॉडल और राजनीतिज्ञ हैं जो तमिल फिल्मों के साथ-साथ हिंदी फिल्मों में भी दिखाई दी हैं। उन्होंने कई तेलुगु , कन्नड़ और मराठी फिल्मों में भी अभिनय किया है।
🎂 जन्म: 19 सितंबर 1976  माहीम, मुम्बई
पति: टिम्मी नारंग (विवा. 2009)
माता-पिता: रागव कोप्पीकर, Bairal Koppikar
बच्चे: रियाना नारंग
आने वाली फ़िल्म: अयलान
शादी की जगह: ISKCON temple Mumbai, मुम्बई

ईशा कोप्पिकर ताइक्वांडो में ब्लैक बैल्ट हैं। अपने अंक ज्योतिषी की सलाह से ईशा ने अपने नाम की स्पेल्लिंग में दो बार फेरबदल किया। जिसमें पहले ishaa koppikar और दूसरी बार में eesha koppikhar बनीं। परन्तु 2015 में इन्होंने एक बार फिर से अपने नाम की असल स्पेलिंग लिखना शुरू कर दिया।
1998 में ईशा तमिल की डेब्यू फ़िल्म काढल कविथाई के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री के किरदार के फिल्मफेयर अवार्ड से नवाज़ी गईं। 2003 में स्टारडस्ट अवार्ड में कंपनी फ़िल्म के लिए इनको सबसे आकर्षक चेहरे नये चेहरे का खिताब दिया गया।
अभिनेत्री ईशा कोप्पिकर का जन्म 19 सितम्बर 1976 को मुंबई के एक कोंकणी परिवार में हुआ था। ईशा ने अपनी पढ़ाई मुंबई से पूरी की। इस दौरान ईशा का झुकाव मॉडलिंग की तरफ हुआ और उन्होंने मॉडलिंग में किस्मत आजमाने की सोची। इसके लिए उन्होंने कुछ फोटोशूट भी करवाए, जिसकी बदौलत ईशा को अपने करियर की शुरुआत में ही कई अच्छे विज्ञापनों में काम करने का मौका मिला। ईशा ने 1995 में मिस इंडिया कांटेस्ट में हिस्सा लिया, जिसमें उन्हें मिस टैलेंट के क्रॉउन से नवाजा गया। इन्होंने तमिल फिल्म 'चंद्रलेखा' से एक्टिंग डेब्यू किया। इसके बाद बॉलीवुड का रुख किया। 
ईशा कोप्पिकर का फिल्मी करियर कुछ ज्यादा खास नहीं रहा है और न ही इंडस्ट्री में उनको उस तरह की सफलता मिली। हालांकि, सपोर्टिंग एक्ट्रेस के तौर पर इन्होंने अपनी ठीक-ठाक पहचान बना ली। बता दें कि ईशा कोप्पिकर ने साल 1997 में फिल्म 'एक था दिल एक थी धड़कन' से बॉलीवुड में डेब्यू किया था। बॉलीवुड में ईशा कोप्पिकर को अच्छी पहचान मिली फिल्म 'कंपनी' के खल्लास गाने से। यह आइटम नंबर काफी हिट हुआ था और इसके बाद ईशा कोप्पिकर को 'खल्लास गर्ल' कहा जाने लगा। ईशा कोप्पिकर अभिनय और डांस के साथ ही राजनीति में भी सक्रिय हैं। इसके अलावा ईशा कोप्पिकर ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट हैं। उन्होंने काफी अवसरों पर ताइक्वांडो वाला अपना टैलेंट दिखाया है। 
ईशा कोप्पिकर ने टिम्मी नारंग से शादी की है। उनकी एक तीन साल की बेटी है। हालांकि उनका नाम एक्टर इंदर कुमार के साथ भी जुड़ा था। दोनों के रिश्ते को लेकर काफी चर्चाएं उठी थीं, लेकिन साल 2009 में उन्होंने टिम्मी से शादी कर ली। ईशा भले ही बॉलीवुड में ज्यादा नाम न कमा पाई हों लेकिन अब वह करोड़ों की संपत्ति की मालकिन हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक ईशा कोप्पिकर की नेट वर्थ 44 करोड़ रूपये है

📽️
2007 राख 
2007 सलाम-ए-इश्क 
2006 डॉन 
2006 36 चाइना टाउन 
2006 डरना जरूरी है 
2005 क्या कूल हैं हम 
2005 मैंने प्यार क्यूँ किया 
2004 रुद्राक्ष 
2004 एक से बढ़कर एक 
2004 हम तुम 
2003 पिंजर 
2003 दिल का रिश्ता 
2003 कयामत 
2003 डरना मना है
2001 प्यार इश्क और मोहब्बत 
2001 आमदनी अठन्नी खर्चा रुपइया 
2000 फ़िज़ा

भारत ईरान संबंध

भारत-ईरान संबंध भारत गणराज्य और ईरान इस्लामी गणराज्य के बीच द्विपक्षीय संबंध हैं । स्वतंत्र भारत और ईरान ने 15 मार्च 1950 को राजनयिक संबंध ...